• AIMF to support TMC in Bengal, Cong in Assam in fight against BJP

    sm-asif-picNew Delhi , March 31, 2021 - The All India Minoriy Front (AIMF)  on Wednesday extended its support to the Trinamool Congress (TMC) in West Bengal and Congress led UDF in Assam in the fight against the “communal and divisive” politics of the BJP.

    Hailing the TMC supremo Mamata Banerjee as the “real Bengal tigress”, the AIMF chief Dr SM Asif, which had earlier said that it would join the electoral battle in both states with secular parties, vowed to “stand in solidarity” with the TMC and UDF camps.

    Dr Asif in a statement made the announcement and said that the decision was taken following discussions with party leaders in these states.

    “Money, Muscle, Media and forces- are being used against Mamata Didi. Hence, AIMF has decided  to stand in solidarity with her where the party candidates were not fielded. We wish Mamata Didi and Congress a roaring success,” he added.

    The AIMF chief also criticised BJP  double standards on NRC and CAA and said voters of the both states will give  it befitting reply in the ongoing assembly elections.

  • बंगाल में दीदी का साथ देंगे असम में कांग्रेस गठबंधन का समर्थन – डॉ असिफ

    एक महिला नेता उसे मंजूर नहीं यह है भाजपा का असली चेहरा – माइनोरिटीज फ्रं ट

    sm-asif-pic1नई दिल्ली। ऑल इंडिया माइनोरटीज फ्रंट ने बंगाल में  ममता दीदी की तृणमूल कांग्रेस  और असम में यूडीएफ कांग्रेस गठबंधन को समर्थन की घोषणा की है। साथ ही उनके पक्ष में चुनाव प्रचार का निर्णय लिया है। फ्रंट ने अपने स्थानीय नेताओं और कार्यकताओं को निर्देश दिया है कि बंगाल में जिन विधान सभा क्षेत्रों में उनकी पार्टी के उम्मीदवार नहीं हैं उन स्थानों पर तृणमूल कांग्रेस और असम में कांग्रेस गठबंधन को तन मन धन से विजयी बनाने के लिए जुट जाएं।

    ऑल इंडिया माइनोरटीज फ्रंट के अध्यक्ष डॉ सैयद मोहम्मद आसिफ ने यहां  जारी बयान में कहा है कि देश में लोकतंत्र को बचाए रखने के लिए यह जरूरी हो गया है कि असम में कांग्रेस गठबंधन की सरकार बने और पश्चिम बंगाल में ममता दीदी एक बार फिर सत्ता में आएं। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी संगीनों के बल पर चुनाव जीतना चाहती है, जो लोकतंत्र के लिए खतरे की घंटी है। भाजपा धन और बल से हर कीमत पर यह चुनाव जीतना चाहती है। दोनों राज्यों के जागरूक मतदाता ऐसा नहीं होने देंगे।

    डॉ आसिफ ने  कहा कि  भाजपा साफ सुथरी छवि वाली मुख्यमंत्री  ममता बनर्जी को बर्दाश नहीं कर पा रही है। उसके विरोध में महिला विरोधी मानसिकता साफ साफ दिखाई दे रही है। भाजपा चुनाव जीतने के लिए बेबुनियाद आरोप लगा रही हैं । एक महिला को किस भाषा और किस लहजे में सम्बोधित करना चाहिए भाजपा को इस बात का भी इल्म नहीं है। एक राज्य में वह सीएए लागू करने की बात करती दूसरे राज्य इस बात को भूल जाती है। एक जगह एनआरसी को लागू करने को कहती है, दूसरी जगह उसे नहीं लागू करने की बात कहती है। उसका यह दोहरी दोगली मानसिकता का प्रतीक है।

    उन्होंने कहा बंगाल में दूसरे चरण का मतदान हा रहा है। इसलिए जरूरी है कि मतदाता अधिक सतर्कता बरतें। मौलिक अधिकारों का हनन करने वाले तानाशाहों को जनता पहचान रही है। जनता को समझ में आ गया है कि भाजपा साम्प्रदायितका फैला कर देश और राज्यों का विकास रोक रही है। असम में मतदान के अवसर पर केन्द्रीय सुरक्षा बलों से मनमानी कराए जाने की संभावना प्रबल है। इसको रोकने के लिए जनता को सतर्क रहना होगा। डॉ आसिफ ने कहा कि हमें  भरोसा है कि असम में कांग्रेस गठबंधन और बंगाल में तृणमूल कांग्रेस जनता में सौहार्द और भाईचारा बनाए रखेगी। इसलिए देश और प्रदेश की $जरूरत है कि अमन पसन्द दल सत्ता में आएं। इसके साथ डॉ आसिफ ने भाजपा और केन्द्र सरकार से अनुरोध किया है कि वे लोकतंत्र के मूल्यों को सुरक्षित रखने में मदद करें ,अगर उन्होंने ऐसा नहीं किया गया तो जनता उन्हें इतिहास की टोकरी में फेंक देगी।

  • بنگال میں دیدی کی حمایت اور آسام میں کانگریس اتحاد کی حمایت کریں گے : ڈاکٹر آصف

    ایک خاتون رہنما ان کے لئے قابل قبول نہیں ، یہ بی جے پی کا اصل چہرہ ہے:آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ

    sm-asif-pic1نئی دہلی31 مارچ
    آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ نے بنگال میں ممتا دیدی کی ترنمول کانگریس اور آسام میں یو ڈی ایف کانگریس کے اتحاد کی حمایت کا اعلان کیا ہے۔ ساتھ ہی ان کے حق میں انتخابی مہم چلانے کا فیصلہ کیا ہے۔ فرنٹ نے اپنے مقامی رہنماو ¿ں اور کارکنوں کو ہدایت کی ہے کہ وہ آسام میں ترنمول کانگریس اور کانگریس اتحاد کو متحرک کرنے کے لئے بنگال کے اسمبلی حلقوں میں مضبوط دل سے فتوحات حاصل کریں جہاں ان کی پارٹی کے پاس امیدوار نہیں ہیں۔

    یہاں آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ کے صدر ڈاکٹر سید محمد آصف کی طرف سے جاری کردہ ایک بیان میں کہا گیا ہے کہ ملک میں جمہوریت کے تحفظ کے لئے یہ ضروری ہو گیا ہے کہ آسام میں کانگریس کی مخلوط حکومت تشکیل دی جائے اور ممتا دیدی ایک بار پھر اقتدار میں ہوں۔ انہوں نے کہا کہ بھارتیہ جنتا پارٹی پارٹیوں کی طاقت پر انتخابات جیتنا چاہتی ہے ، جو جمہوریت کے لئے خطرہ گھنٹی ہے۔ بی جے پی یہ انتخاب رقم اور طاقت کے ساتھ ہر قیمت پر جیتنا چاہتی ہے۔ دونوں ریاستوں کے باشعور ووٹر یہ نہیں ہونے دیں گے۔

    ڈاکٹر آصف نے کہا کہ بی جے پی صاف ستھری شبیہ سے وزیر اعلی ممتا بنرجی کو برخاست کرنے کے قابل نہیں ہے۔ خواتین مخالف ذہنیت اس کے خلاف واضح طور پر دکھائی دیتی ہے۔ بی جے پی انتخابات جیتنے کے لئے بے بنیاد الزامات عائد کررہی ہے۔ کسی عورت کو کس زبان اور لہجے میں مخاطب کیا جانا چاہئے ، بی جے پی کو یہ بھی معلوم نہیں ہے۔ ایک ریاست میں سی اے اے کے نفاذ کے بارے میں بات کرتی ہے اور دوسری ریاستیں اسے بھول جاتی ہیں۔ ایک جگہ پر وہ این آر سی کو نافذ کرنے کے لئے کہتا ہے ، دوسری جگہ پر اس کو نافذ نہ کرنے کا مطالبہ کرتا ہے۔ یہ اس کی دوہری ذہنیت کی علامت ہے۔

    انہوں نے کہا کہ بنگال میں دوسرے مرحلے میں رائے دہی ہورہی ہے،لہذا یہ ضروری ہے کہ ووٹر زیادہ چوکس رہیں۔ عوام بنیادی حقوق کی پامالی کرنے والے آمروں کو پہچان رہی ہے۔ عوام نے سمجھا ہے کہ بی جے پی فرقہ واریت کو پھیلا کر ملک اور ریاستوں کی ترقی روک رہی ہے۔ آسام میں ووٹنگ کے موقع پر مرکزی سیکیورٹی فورسز کو صوابدیدی طور پر حاصل کرنے کا امکان قوی ہے۔ عوام کو اس کی روک تھام کے لئے چوکنا رہنا ہوگا۔ ڈاکٹر آصف نے کہا کہ ہمیں یقین ہے کہ آسام میں کانگریس اتحاد اور بنگال میں ترنمول کانگریس عوام میں ہم آہنگی اور بھائی چارے کو برقرار رکھے گی۔ لہذا ، ملک اور ریاست کی ضرورت ہے کہ امن پسند جماعتیں اقتدار میں آئیں۔ اس کے ساتھ ڈاکٹر آصف نے بی جے پی اور مرکزی حکومت سے جمہوریت کے اقدار کے تحفظ میں مدد کی درخواست کی ہے ، اگر انہوں نے ایسا نہیں کیا تو عوام انہیں تاریخ کی ٹوکری میں پھینک دیں گے۔

  • बेलगाम में माइनॉरिटीज़ फ्रंट के भाटिया बने उम्मीदवार।

    कर्नाटक संसदीय उपचुनाव में भाटिया मैदान में

    karनई दिल्ली। आल इंडिया माइनोरिटीज फ्रंट ने जाने माने सामाजिक कार्यकर्ता ओंकार सिंह भाटिया को कर्नाटक में होने जा रहे बेलगाम संसदीय उपचुनाव में अपनी पार्टी का उम्मीदवार बनाया है। माइनोरिटीज फ्रंट के युवा  फ्रंट की अध्यक्ष लुबना आसिफ ने भाटिया को पार्टी का टिकट शनिवार को प्रदान कर उनकी उम्मीदवारी का ऐलान किया।

    जनाब ओंकार सिंह भाटिया कर्नाटक के जानेमाने उद्यमी के साथ सामाजिक कार्यकर्ता हैं। उन्हें राज्य की सिख पंगतों के साथ अन्य माइनोरिटीज संगठनों ने अपने समर्थन का वायदा किया है। भाटिया ने कहा कि हम भारत को बदलने और मौजूद शासन को चुनौती देने के लिए चुनाव लड़ रहे हैं। मौजूदा सरकार जनता का अपार समर्थन मिलने के बावजूद सबका साथ सबका विकास के मंत्र को जुमले में बदल चुकी है। लुबना आसिफ ने कहा कि किसानों , मजदूरों के अधिकारों का इस दौर में जितना हनन हुआ है उतना पहले कभी नहीं हुआ। भाटिया जी की जीत दबे कुचलों की जीत होगी।

    बेलगाम संसदीय क्षेत्र पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश अंगदी के मृत्यु 23 सितंबर 2020 के बाद रिक्त हुआ है। 23 मार्च 2021 तक उपचुनाव की समस्त प्रक्रिया पूरी की जानी थी। उपचुनाव के लिए चुनाव आयोग ने 30 मार्च2021नामांकन का अंतिम दिन है।

  • بیلگام میں آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ کے بھاٹیا بنے امیدوار

    کرناٹک کے پارلیمانی ضمنی انتخابات میں بھاٹیا میدان میں

    karنئی دہلی27مارچ
    آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ نے کرناٹک میں بیلگام پارلیمانی ضمنی انتخاب کے لئے نامور سماجی کارکن اونکار سنگھ بھاٹیا کو اپنی پارٹی کا امیدوار نامزد کیا ہے۔

    مائنارٹیزفرنٹ کے نوجوان محاذ کی چیئرمین لبنیٰ آصف نے ہفتہ کو پارٹی کا ٹکٹ دے کر بھاٹیا کے امیدوار ہونے کا اعلان کیا۔

    جناب اونکار سنگھ بھاٹیا کرناٹک کے ایک مشہور کاروباری شخصیت کے ساتھ ایک سماجی کارکن ہیں۔ ریاست کے سکھ پنگتوں کے ساتھ ساتھ دیگر اقلیتی تنظیموں کے ساتھ بھی ان کی حمایت کا وعدہ کیا گیا ہے۔ بھاٹیا نے کہا کہ ہم ہندوستان کو تبدیل کرنے اور موجودہ حکمرانی کو چیلنج کرنے کے لئے انتخابات لڑ رہے ہیں۔ موجودہ حکومت نے عوام کی بے پناہ حمایت سے سب کا ساتھ ، سب کا وکاس کے منتر کو تبدیل کردیا ہے۔ لبنیٰ آصف نے کہا کہ اس عرصہ میں کسانوں اور مزدوروں کے حقوق پامال ہوئے ہیں جیسا پہلے کبھی نہیں ہوا۔ بھاٹیا جی کی فتح مظلوموں کی فتح ہوگی۔

    بیلگام پارلیمانی حلقہ 23 ستمبر 2020 کو سابق مرکزی وزیر سریش انگادی کی موت کے بعد خالی ہے۔ ضمنی انتخاب کا پورا عمل 23 مارچ 2021 تک مکمل ہونا تھا۔ ضمنی انتخاب کے لئے الیکشن کمیشن کی جانب سے نامزدگی کا آخری دن 30 مارچ 2021 ہے

  • बंगाल में पहले चरण के मतदान को रद्द कर दोबारा मतदान हो-माइनोरिटज फ्रंट

    जिसका अंदेशा था बंगाल में भी हो गई मतदान में धांधली- डॉ आसिफ

    IMG_4432नई दिल्ली। आल इंडिया माइनोरिटीज फ्रंट ने पश्चिम बंगाल में पहले चरण में हुए मतदान में धांधली व अनियमितताओं पर चिन्ता व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसा होना स्वस्थ लोकतंत्र के लिए खतने की घंटी है। चुनाव आयोग को फौरन कड़े कदम उठाते हुए प्रथम चरण के चुनाव को रद्द कर शुक्रवार को हुए चुनाव की अगली तिथि घोषित करनी चाहिए।

    आल इंडिया माइनोरिटीज फ्रंट के अध्यक्ष डॉ सैयद मोहम्मद आसिफ ने ने यहां बयान जारी करते हुए कहा कि यह अफसोस की बात है कि देश का चुनाव आयोग एक विशेष पार्टी के प्रति झुका दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय सुरक्षा बलों की पश्चिम बंगाल चुनाव में तैनाती होना कोई बुरी बात नहीं लेकिन सुरक्षा बल के जवान पार्टी विशेष के उम्मीदवारों के पक्ष में काम करें, यह गंभीर चिन्ता का विषय है। ऐसा होना देश में अधिनायकवाद की स्पष्टï आहट है। इसे हर कीमत पर रोका जाना चाहिए।

    जनाब आसिफ ने कहा कि मतदान केन्द्रों में मतदाता किसी एक पार्टी को वोट के लिए बटन दबाए और वह वोट दूसरी पार्टी के पक्ष में चला जाए? यह सरासर चुनाव को ईवीएम द्वारा मतों पर डाका डालना जैसा है। उन्होंने कहा कि अगर चुनाव आयोग तथ्य एवं सबूतों को नजर अन्दाज करे तो उच्च न्यायालय को इस मामले में स्वविवेक से हस्तक्षेप करना चाहिए। क्योंकि मतदान अगर निरपेक्ष रहेगा तब ही लोकतंत्र बचेगा।

    माइनोरिटीज फ्रंट के अध्यक्ष डॉ आसिफ ने कहा कि सरकार और चुनाव आयोग अगर एक दूसरे की मदद करते दिखाई दे रहे हैं तो अदालत को सामने आना होगा लोकतंत्र की रक्षा के लिए। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों और सरकारी मशीनरी का चुनाव में दुरुपयोग हर हाल में रोका जाना चहिए। अगर इसे रोका नहीं गया तो जनता सडक़ों पर उतर आएगी।

  • بنگال میں پہلے مرحلے کی پولنگ کومسترکرکے دوبارہ پولنگ ہونی چاہئے :آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ

    جس کی توقع تھی ، بنگال میں بھی ہوگئی ووٹنگ میں دھاندلی: ڈاکٹر آصف

    sm-asif-pic1نئی دہلی27مارچ
    آل انڈیامائنارٹیزفرنٹ نے مغربی بنگال میں ووٹنگ کے پہلے مرحلے میں ہونے والی دھاندلی اور بے ضابطگیوں پر تشویش کا اظہار کیا اور کہا کہ اس طرح کا واقعہ صحت مند جمہوریت کے لئے خطرے کی گھنٹی ہے۔ الیکشن کمیشن فوری طور پر سخت اقدامات اٹھائے اور پہلے مرحلے کے انتخابات کو منسوخ کرے اور جمعہ کو انتخابات کی اگلی تاریخ کا اعلان کرے۔

    آل انڈیامائنارٹیزفرنٹ کے چیئرمین ڈاکٹر سید محمد آصف نے یہاں ایک بیان جاری کرتے ہوئے کہا ہے کہ افسوس کی بات ہے کہ ملک کا الیکشن کمیشن کسی خاص پارٹی کی طرف مائل نظر آتا ہے۔ انہوں نے کہا کہ مغربی بنگال انتخابات میں سنٹرل سیکیورٹی فورسز کی تعیناتی کوئی بری چیز نہیں ہے ، لیکن یہ کہ سیکیورٹی فورسز کو خصوصی امیدواروں کے حق میں کام کرنا چاہئے ، یہ سنجیدہ تشویش کی بات ہے۔ یہ ملک میں مطلق العنانیت کا واضح اشارہ ہے، اسے ہر قیمت پر روکنا چاہئے۔

    جناب آصف نے کہا کہ پولنگ بوتھ میں ووٹرز کو ایک پارٹی کو ووٹ دینے کے لئے بٹن دبائیں اور ووٹ دوسری پارٹی کے حق میں جانا چاہئے۔ یہ ای وی ایم کے ذریعہ ووٹوں کی ای وی ایم ڈکیتی کے مترادف ہے۔ انہوں نے کہا کہ اگر الیکشن کمیشن حقائق اور شواہد کو نظرانداز کرتا ہے تو ہائیکورٹ کو اپنی صوابدید میں اس معاملے میں مداخلت کرنی چاہئے۔ کیونکہ جمہوریت تب ہی رہے گی جب ووٹ مطلق رہے گا۔

    آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ کے چیئرمین ڈاکٹر آصف نے کہا کہ اگر حکومت اور الیکشن کمیشن ایک دوسرے کی مدد کرتے ہوئے نظر آتے ہیں تو پھر جمہوریت کے تحفظ کے لئے عدالت کو آگے آنا ہوگا۔ انہوں نے کہا کہ انتخابات میں سیکیورٹی فورسز اور سرکاری مشینری کے غلط استعمال کو ہر قیمت پر روکنا چاہئے۔ اگر اسے نہ روکا گیا تو عوام سڑکوں پر آجائیں گے۔

  • चाय बागान मजदूरों की मजदूरी दोगुनी होगी- डॉ आसिफ

    आसाम के लोगों का सौहार्द बनाये रखेगी हमारी सरकार-माइनॉरिटीज फ्रंट

    IMG_4432गोहाटी। आल इंडिया माइनॉरिटीज फ्रन्ट के अध्यक्ष डॉ सैयद मोहम्मद आसिफ ने आश्वासन दिया है कि आने वाली उनकी सरकार चाय बागान के मजदूरों की मजदूरी दोगुनी की जाएगी। बागान मज़दूरों की सभा को संबोधित करते हुए कहा कि माइनोरिटीज फ्रन्ट की सरकार बनते ही चाय बागान मजदूरों के लिए दैनिक वेतन के साथ एक पैकेज बनाया जाएगा जिसमें उनके आवास, स्वास्थ्य और बच्चों की शिक्षा दीक्षा की सम्पूर्ण व्यवस्था होगी।

    डॉ आसिफ ने कहा कि हमारी सरकार आसाम में सभी श्रेणी के मेहनतकशों के वेतनमान की समीक्षा करेगी और मकुजूदा ज़रूरतों के अनुरूप वेतन वृद्धि व उनके जीवन सुरक्षा के लिए हर संभव कदम उठाएगी। उन्होंने कहा कि हम अपनी जिम्मेदारियों से पीछे नहीं हटेंगे लेकिन जनता की भी जिम्मेदारी है कि वह चुनाव ही नहीं इसके बाद भी हमारे साथ खड़ी रहे। उन्होंने कहा कि चुनाव में फ्रंट 26 सीटों पर मैदान में है आपकी जिम्मेदारी है कि अन्य विधान सभा क्षेत्रों में समर्पित और ईमानदार उम्मीदवारों को चुनकर विधान सभा में भेजें।

    डॉ आसिफ ने यह भी कहा कि सौहार्द से खूबसूरत आसाम को कुछ लोग खराब करने चाह रहे हैं। इस सौहार्द को आपसी घृणा में बदलना चाह रहे है। जनता उनके मंसूबे पूरे नहीं होने देगी। वे कभी सीएए की बात करते हैं कभी एन आर सी का शोर मचाते हैं। लेकिन उनकी हिम्मत नहीं कि इसे लागू करें। उन्होंने कहा माइनॉरिटीज फ्रन्ट केंद्र सरकार और भाजपा के इन मंसूबों को कभी पूरा नहीं होने देगा। उन्होंने कहा कि ये दोनों कानून आसाम और देश के हित में नहीं

  • چائے باغان کارکنوں کی مزدوری دوگنی ہوگی: ڈاکٹر آصف

    آسام کے عوام کی ہم آہنگی برقرار رکھے گاہماری حکومت:اے آئی ایم ایف

    sm-asif-pic1گوہاٹی،20مارچ
    آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ کے صدر ڈاکٹر سید محمد آصف نے یقین دہانی کرائی ہے کہ آنے والی حکومت چائے کے باغ کارکنوں کی اجرت کو دوگنا کردے گی۔ شجرکاری کارکنوں کے اجتماع سے خطاب کرتے ہوئے انہوں نے کہا کہ اے آئی ایم ایف کی حکومت کے قیام کے جلد ہی چائے کے شجرکاری مزدوروں کے لئے روزانہ اجرت والے ایک پیکیج بنایا جائے گا جس میں ان کے رہائش ، صحت اور بچوں کی تعلیم کا مکمل انتظام ہوگا۔

    ڈاکٹر آصف نے کہا کہ ہماری حکومت آسام میں محنت کش لوگوں کے تمام زمرے کے پے اسکیل کا جائزہ لے گی اور عوام کی ضروریات کے مطابق تنخواہ اور ان کی زندگی کی حفاظت کے سلسلے میں ہر ممکن اقدامات کرے گی۔ انہوں نے کہا کہ ہم اپنی ذمہ داریوں سے پیچھے نہیں ہٹیں گے بلکہ عوام کی یہ بھی ذمہ داری ہے کہ وہ انتخابات کے بعد بھی ہمارے ساتھ کھڑے ہوں۔ انہوں نے کہا کہ انتخابات میں 26 نشستوں پر محاذ میدان میں ہے ، آپ کی ذمہ داری ہے کہ دوسرے اسمبلی حلقوں میں سرشار اور دیانتدار امیدواروں کا انتخاب کریں اور انہیں ودھان سبھا میں بھیجیں۔

    ڈاکٹر آصف نے یہ بھی کہا کہ کچھ لوگ ہم آہنگی کے ساتھ خوبصورت آسام کو خراب کرنے کی کوشش کر رہے ہیں۔ اس ہم آہنگی کو باہمی منافرت میں تبدیل کرنا چاہتے ہیں۔ عوام اپنے ارادے پورے نہیں ہونے دیں گے۔ وہ کبھی سی اے اے کی بات کرتے ہیں اور کبھی این آر سی کا شور مچاتے ہیں لیکن وہ اس پر عمل درآمد کرنے کی ہمت نہیں کرتے ہیں۔ انہوں نے کہا کہ آل انڈیا مائنارٹیزفرنٹ کبھی بھی مرکزی حکومت اور بی جے پی کے ان منصوبوں کو پورا نہیں ہونے دے گا۔ انہوں نے کہا کہ یہ دونوں قوانین آسام اور ملک کے مفاد میں نہیں ہیں۔

  • AIMF To Contest 26 Seats In Assam Polls – BS RAWAT

    asThe All India Minoriy Front (AIMF) will contest 26 Assembly seats in the upcoming Assam assembly elections.

    In the Assam Press Club, party president Dr SM Asif said AIMF with other secular and like minded parties will be contesting 26 seats this assembly elections.

    “In the remaining seats, we will identity the candidate who can defeat BJP.

    The The AIMF will support for such candidates. It could be  regional parties or even if it is the Congress, we will support for Congress to defeat BJP,” said  Dr Asif, who was addressing the media.

    Disappointed at AIUDF’s “betrayal” by fielding candidates against his party nominees, Dr Asif has claimed that  Badruddin Ajmal has thwarted a possible alliance with the AIMF.

    With the AIUDF now contesting from 26 Assembly constituencies, there is a “strong possibility” of a division of anti-BJP votes in these seats, AIMF
    chief told reporters in the conference.

    Dr Asif further said that his party will protect every principle of the Assam Accord and will never implement the Citizenship (Amendment) Act if voted to power in the state.